इस अवसर पर मुख्यमंत्री ने कहा कि यह डिजिटल पहल जनगणना प्रक्रिया को अधिक सरल, पारदर्शी और समयबद्ध बनाएगी। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि इस व्यवस्था के बारे में आम लोगों को जागरूक किया जाए, ताकि अधिक से अधिक नागरिक इसका लाभ उठा सकें।
सरकार द्वारा शुरू किया गया यह स्व-गणना पोर्टल नागरिकों को घर बैठे अपनी जानकारी भरने की सुविधा देता है, जिससे पारंपरिक सर्वेक्षण में लगने वाला समय और संसाधन दोनों की बचत होगी। इसके साथ ही डेटा की सटीकता भी बढ़ेगी।
कार्यक्रम के दौरान वरिष्ठ अधिकारी भी उपस्थित रहे, जिन्होंने इस नई व्यवस्था की तकनीकी और प्रशासनिक तैयारियों की जानकारी दी। अधिकारियों ने बताया कि जनगणना 2027 के लिए चरणबद्ध तरीके से डेटा संग्रह किया जाएगा और इसके लिए आधुनिक तकनीकों का उपयोग किया जाएगा।
यह पहल राज्य में डिजिटल गवर्नेंस को मजबूत करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम मानी जा रही है। विशेषज्ञों का मानना है कि इस प्रणाली से भविष्य की नीतियों और योजनाओं के निर्माण में अधिक सटीक और विश्वसनीय आंकड़े उपलब्ध हो सकेंगे।
संवाददाता रुचिका धोटे, भोपाल

कोई टिप्पणी नहीं: