कलेक्टर डॉ. गिरीश कुमार मिश्रा की अध्यक्षता में कलेक्ट्रेट सभाकक्ष में स्वास्थ्य विभाग के वर्ष 2025-26 के दौरान जिले में हुई मातृ मृत्यु के प्रकरणों की समीक्षा बैठक आयोजित की गई। बैठक में जिले के भीतर एवं जिले के बाहर हुई कुल 24 मातृ मृत्यु के प्रकरणों पर गहन चर्चा करते हुए मृत्यु के कारणों का विश्लेषण किया गया।
बैठक के पूर्व कलेक्टर डॉ. मिश्रा ने मृतक महिलाओं के परिजनों से रूबरू होकर स्वास्थ्य सेवाओं के दौरान आई परेशानियों की जानकारी प्राप्त की। इसके पश्चात जिला स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. राजीव हरिऔध द्वारा सभी प्रकरणों का विस्तृत प्रेजेंटेशन प्रस्तुत किया गया।
समीक्षा के दौरान संबंधित आशा पर्यवेक्षक, एएनएम एवं सीएचओ द्वारा प्रस्तुत जांच दस्तावेजों का अवलोकन किया गया। कलेक्टर डॉ. मिश्रा ने मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी को निर्देश दिए कि जिन प्रकरणों में दायित्वों के निर्वहन में लापरवाही पाई गई है, उनकी विस्तृत जांच कर संबंधितों के विरुद्ध कार्रवाई प्रस्तावित की जाए।
मुख्य चिकित्सा एवं जिला स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. शोभा पटेल ने जानकारी दी कि प्रत्येक माह की 9 एवं 25 तारीख को आयोजित प्रधानमंत्री सुरक्षित मातृत्व अभियान के अंतर्गत उच्च जोखिम वाली गर्भवती महिलाओं की कम से कम तीन अनिवार्य जांच सुनिश्चित की जाए, ताकि समय रहते चिकित्सकीय परीक्षण एवं उपचार उपलब्ध हो सके और मातृ मृत्यु दर में कमी लाई जा सके।
बैठक में डॉ. राजीव हरिऔध, डॉ. एल.पी. भाकोरिया, सुनील वर्मा सहित जिले के समस्त खंड चिकित्सा अधिकारी उपस्थित रहे।
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